गन्ना किसानों को जल्द मिलेगी बकाया राशि, जुलाई-अगस्त तक होगा शत-प्रतिशत भुगतान : विधायक भावना बोहरा
शक्कर कारखाने की वित्तीय स्थिति सुधारने के लिए किए गए व्यापक सुधार, दो वर्षों में लगभग 16 करोड़ रुपये की बचत का दावा
पंडरिया, 1 जुलाई। लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल सहकारी शक्कर कारखाना मर्यादित, पंडरिया में गन्ना बेचने वाले किसानों के बकाया भुगतान को लेकर लंबे समय से चल रही चिंता के बीच पंडरिया विधायक भावना बोहरा ने किसानों को बड़ी राहत देने वाला आश्वासन दिया है। उन्होंने कहा कि कारखाने में गन्ना बेचने वाले सभी किसानों की बकाया राशि का पूर्ण भुगतान जुलाई से अगस्त माह के बीच उनके बैंक खातों में हस्तांतरित कर दिया जाएगा।
विधायक भावना बोहरा ने कहा कि राज्य सरकार किसानों के हितों को सर्वोच्च प्राथमिकता दे रही है और गन्ना किसानों को उनके परिश्रम का उचित मूल्य समय पर मिले, इसके लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि सहकारिता विभाग, राज्य शासन तथा संबंधित अधिकारियों के साथ निरंतर समन्वय स्थापित कर भुगतान प्रक्रिया को शीघ्र पूरा करने की दिशा में कार्य किया जा रहा है।
उन्होंने जानकारी दी कि किसानों से खरीदे गए गन्ने का संपूर्ण भुगतान, रिकवरी राशि सहित, जुलाई एवं अगस्त माह के दौरान किया जाएगा। इसके लिए शासन स्तर पर प्रस्ताव रखा गया है कि शुगर मिल में उपलब्ध चीनी स्टॉक के मूल्य के बराबर अग्रिम राशि उपलब्ध कराई जाए, जिससे किसानों का भुगतान तत्काल किया जा सके। इस व्यवस्था से भुगतान प्रक्रिया अधिक तेज, पारदर्शी और समयबद्ध होगी तथा किसानों को राहत मिलेगी।
कारखाने की आर्थिक स्थिति मजबूत करने पर जोर
विधायक ने बताया कि पिछले ढाई वर्षों में शक्कर कारखाने की वित्तीय स्थिति सुधारने के लिए कई महत्वपूर्ण कदम उठाए गए हैं। वित्तीय वर्ष 2022-23 की तुलना में स्थापना व्यय को 15.06 करोड़ रुपये से घटाकर 9.65 करोड़ रुपये किया गया है। वहीं अनुरक्षण एवं मरम्मत पर होने वाला खर्च 10.97 करोड़ रुपये से घटाकर 4.13 करोड़ रुपये तक लाया गया है। इससे कारखाने में वित्तीय अनुशासन स्थापित हुआ है और संचालन व्यवस्था अधिक प्रभावी बनी है।
उन्होंने बताया कि आवश्यकता के अनुरूप कर्मचारियों की संख्या को भी संतुलित किया गया है। साथ ही विभिन्न मदों में व्यय पर नियंत्रण कर पिछले दो वर्षों में लगभग 16 करोड़ रुपये की अतिरिक्त बचत की गई है, जिसका लाभ भविष्य में किसानों और कारखाने दोनों को मिलेगा।
आय बढ़ाने के लिए संसाधनों का बेहतर उपयोग
भावना बोहरा ने कहा कि शक्कर कारखाने की आय बढ़ाने के उद्देश्य से उपलब्ध संसाधनों का बेहतर प्रबंधन किया गया है। मोलासिस की बिक्री भी अनुकूल बाजार मूल्य पर की गई, जिससे कारखाने की आर्थिक स्थिति को मजबूती मिली है। उन्होंने कहा कि वित्तीय सुधारों का सीधा लाभ गन्ना किसानों को समय पर भुगतान के रूप में मिलेगा।
किसानों के हित सर्वोपरि
विधायक ने कहा कि गन्ना किसान केवल अन्नदाता ही नहीं, बल्कि क्षेत्र की अर्थव्यवस्था की मजबूत आधारशिला हैं। किसानों के पसीने की कमाई का एक-एक रुपया उन्हें समय पर मिले, यही राज्य सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि प्रदेश में भाजपा सरकार बनने के बाद गन्ना किसानों के भुगतान की प्रक्रिया में तेजी आई है और कारखाने के रखरखाव एवं संचालन में भी व्यापक सुधार किए गए हैं।
उन्होंने कहा कि सरकार का उद्देश्य केवल किसानों से गन्ना खरीदना नहीं, बल्कि उनके विश्वास को बनाए रखना भी है। इसी सोच के साथ कारखाने को वित्तीय रूप से मजबूत, पारदर्शी और आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में लगातार ठोस कदम उठाए जा रहे हैं।
सरकार किसानों की हर चिंता के प्रति संवेदनशील
विधायक भावना बोहरा ने विश्वास दिलाया कि सरकार किसानों के हितों के साथ किसी भी प्रकार का समझौता नहीं करेगी। प्रत्येक गन्ना उत्पादक को उसके परिश्रम का उचित मूल्य समयबद्ध तरीके से मिले, इसके लिए सरकार पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि किसानों की समृद्धि ही प्रदेश की समृद्धि का आधार है और किसान हितों की रक्षा करना सरकार का संकल्प भी है और जिम्मेदारी भी। साथ ही उन्होंने पुनः आश्वस्त किया कि गन्ना भुगतान की प्रक्रिया शीघ्र पूर्ण कर किसानों को राहत प्रदान करने के लिए सभी आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं।


